क्राइसिस रिसोर्स मैनेजमेंट से ओटी में मरीजों की बच रही जान

By: jhansitimes.com
Mar 04 2019 11:04 am
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(रिपोर्ट - प्रदीप श्रीवास्तव )

नई दिल्ली। हवाई जहाज को उड़ाना एवं सुरक्षा और उच्च प्रदर्शनयुक्त बनाए रखना बहुत जरूरी होता है। इसके लिए क्रू मेंबर व पायलट के बीच बेहतर तालमेल के साथ ही अच्छा माहौल तैयार करने के लिए क्राइसिस रिसोर्स मैनेजमेंट विधि अपनाई जाती है। इसे दुनिया की सर्वश्रेष्ठ विधि मानी जाती है। इसे ही भारतीय मूल के अमेरिकी डाक्टर मुप्पुरी ने आपरेशन थिएटर में लागू किया है, जिससे मरीज की जान बचाई जा सके। इस विधि के बेहतर परिणाम मिलने लगे हैं। 

डाक्टर रूद्रम मुप्पुरी बताते हैं कि फ्लाइट के आॅपरेटिंग रूम के माहौल को बेहतर बनाए जाने के कौशन को क्राइसिस रिसोर्स मैनेजमेंट कहते हैं। यह आपरेटिंग रूप में स्टाॅफ के बीच खुलेपन और सकारात्मक आलोचना के माहौल को विकसित करता है, जिससे काम करने का तालमेल बेहतर हो सके। क्योंकि, माहौल अगर अच्छा नहीं हो तो मनुष्य के निर्णय लेने की क्षमता प्रभावित होती है और इससे सुरक्षा को खतरा होता है। एक सकारात्मक माहौल त्रुटि को कम करता है। 

डाक्टर मुप्पुरी ने सकारात्मक माहौल को बनाने व बढ़ाने की कला विकसित की है। उन्होंने क्राइसिस रिसोर्स मैनेजमेंट को आॅपरेशन थिएटर में लागू किया है, जिससे आॅरपेशन के दौरान स्टाॅफ के बीच बेहतर तरीके से तालमेल बन सके। आॅपरेशन के दौरान होने वाले उतार चढ़ाव पर नजर रखी जा सके और सही निर्णय लिया जा सके। मरीज के हालत की पल-पल की सूचना मिल सके और सर्जरी के दौरान मरीज के जीवन को बचाया जा सके। उनके आॅपरेशन थिएटर में क्राइसिस रिसोर्स मैनेजेंट को बेहतर तरीके से लागू करने की विधि की मेडिकल क्षेत्र में काफी तारीफ हो रही है।  

वर्तमान में डॉक्टर मुप्पुरी अमेरिका के मिशिगन के फ्लिंट में मैकलेरन क्लिनिक में पेन मैनेजमेंट क्लिनिक के निदेशक और एनेस्थीसिया मैनेजमेंट सर्विसेज के स्टाॅफ एनेस्थिसियोलॉजिस्ट हैं। उन्होंने भारत के उस्मानिया मेडिकल कॉलेज से एनेस्थिसियोलॉजी कोर्स पूरा करने के बाद अमेरिका की सोसाइटी ऑफ एनेस्थीसियोलॉजिस्ट की प्रतिष्ठित फैलोशिप प्राप्त कर अमेरिका में आगे की पढ़ाई की है। 


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