लेखपालों की कलमबंद हड़ताल से ठप्प पड़े सरकारी, गैर सरकारी काम

By: jhansitimes.com
Jul 11 2018 07:03 pm
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(रिपोर्ट-सैय्यद तामीर उद्दीन) महोबा। पिछले तीन दिनों से जिले भर के लेखपालों की चल रही कलमबंद हड़ताल से आम जनमानस परेशान हो उठा है, सरकारी काम, काज भी पूरी तरह से प्रभावित हो गया है, आय, जाति और निवास प्रमाण पत्र का कार्य पूरी तरह से ठप्प पड़ गया है। हर कोई लेखपालों की हड़ताल से प्रभावित दिखाई पड़ रहा है, स्कूल खुलने के बाद छात्रवृत्ति हासिल करने के लिये आय प्रमाण पत्र नहीं बन रहे है तो विद्यार्थी भी परेशान हो उठे है, उधर उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ अपनी मांगो को लेकर पूरी तरह से जिद पर अड़ गया है वह अपनी मांग से किंचित मात्र पीछे हटने को तैयार नहीं है, बुधवार को जिले भर के लेखपाल कलेक्ट्रेट में कलमबंद हड़ताल पर रहे और दिन भर इंकलाब का नारा बुलंद करते रहे। 

उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ प्रांतीय नेतृत्व के आवाहन पर बीते 28 जून से हड़ताल पर है, लगभग एक पखवारा गुजर चुका है, लेकिन लेखपाल हड़ताल से हट नहीं रहे है इस बीच शासन में लेखपालों को डराने के लिये एस्मा का भी खौफ दिखाया था उसके बाद बजाये बात बनने के और बिगड़ गयी, और लेखपाल कार्य बहिष्कार के साथ कलमबंद हड़ताल पर चले गये बीते तीन दिनों से जिले भर के लेखपाल कार्य बहिष्कार करके कलमबंद हड़ताल पर है और रोजाना बीते तीन दिनों से जिले भर के लेखपाल सुबह 10 बजे कलेक्ट्रेट में इकठठा हो रहे है और शाम 4 बजे तक अपनी मांगो के समर्थन में भाषण दे रहे है नारेबाजी कर रहे है, 

उधर लेखपालों के कलमबंद हड़ताल पर चले जाने के बाद सरकारी काम, काजों से लेकर जनसामान्य के काम, काजों पर भी विपरीत प्रभाव पड़ना शुरू हो गया है, लेखपाल में अपनी कलमबंद हड़ताल ऐसे समय में शुरू की है कि जब नवीन शिक्षण सत्र शुरू होते ही विद्यार्थियों को वजीफा पाने के लिये आय प्रमाण पत्र की आवश्यकता पड़ती है, और बड़े पैमाने पर यह काम हर साल जुलाई के महीनें में भी होता रहा है, परन्तु इस बार ऐेेसा हो नहीं पा रहा है जिसके चलते छात्र परेशान है उधर दूसरे काम, काज भी नहीं हो पा रहे है, मसलन जात प्रमाण पत्र, आय प्रमाण पत्र किसानों से सम्बन्धित खसरा, खतौनी तथा लेखपालों की लगने वाली विभिन्न रिपोर्टे थम सी गयी है, जिसके चलते परेशानिया लगातार बढ़ती चली जा रही है उधर लेखपाल है कि वह अपनी लंबित 8 सूत्रीय मांगो पर बिल्कुल भी झुकने को तैयार नही है, उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ के जिला अध्यक्ष प्रभुदत्त तिवारी, कहते है कि अब मांगो को लेकर आर, पार की लड़ाई लड़ी जा रही है सरकार को हर कीमत पर लेखपालों की मांग माननी पड़ेगी उससे पहले हड़ताल खत्म होने वाली नही है। इस मौकें पर, जिला सचिव शिवभान सिंह, तहसील अध्यक्ष आत्मा राम, रामनरेश, चरखारी तहसील के लेखपाल देवकी नंदन, असफी खान, माता दीन, श्याम लाल, विष्णु प्रसाद अखिलेश कुमार, नेहा, वंदना, जयंती, काजल, मोहिनी प्रिति इत्यादि लेखपाल मौजूद रहे। 


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