कानपुर: अस्पताल में रेप, परिजनों ने लगाया जाम, भीड़ ने दारोगा पर बरसाए लात-घूंसे, और...

By: jhansitimes.com
Jun 17 2017 09:03 pm
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कानपुर: शनिवार को जागृति हॉस्प‍िटल कानपूर में एक छात्रा से रेप के आरोप के बाद गुस्साए परिजनों ने हिंसक प्रदर्शन किया। अस्पताल को सीज करने की मांग कर रहे सैकड़ों प्रदर्शनकारियों ने सड़क जाम कर पत्थरबाजी की। पुलिस के काफी समझाने पर प्रदर्शनकारी जब मानने को तैयार नहीं हुए तब लाठी भांजकर भीड़ को खदेड़ने का प्रयास किया गया, तो प्रदर्शनकारियों ने उग्र होकर पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया | एक दारोगा को गिरा कर भीड़ ने लात-घूंसों और पत्थर से बुरी तरह पीटा, जिससे वह घायल हो गया। सूचना मिलते ही DM-DIG मौके पर पहुंचे । फिलहाल, दर्जनों थानों की फोर्स और पीएसी तैनात कर दी गई है।

मामला है उत्तर प्रदेश में कानपुर के बर्रा थाना क्षेत्र में स्थ‍ित जागृति हॉस्प‍िटल का। शुक्रवार को यहां एडमिट एक छात्रा ने वार्ड ब्वॉय पर अपने सामने कपड़े चेंज करवाने और इंजेक्शन देकर रेप करने का आरोप लगाया था। जिसके बाद पुलिस ने आरोपी को अरेस्ट कर लिया था । 

शनिवार को छात्रा के परिजनों सहित सैकड़ों लोगों ने हॉस्पि‍टल सीज करने की मांग करते हुए  NH-2 हाइवे जाम कर दिया और हॉस्प‍िटल पर पत्थरबाजी शुरू कर दी । बर्रा थाने की फोर्स जब जाम खुलवाने पहुंची तो छात्रा के परिजन पुलिस से ही बदतमीजी करने लगे। लोगों ने हंगामा करना शुरू कर दिया। इस बीच पुलिस ने जब लाठी भांजकर जाम खुलवाने की कोश‍िश की तो प्रदर्शनकारियों और भड़क गए। उन्होंने पुलिसकर्मियों पर ही पथराव कर दिया। 

प्रदर्शनकारियों ने एक दारोगा को दबोच कर गिरा लिया और लात-घूंसों और पत्थर से जमकर पीटा, जिससे वह घायल हो गया। दारोगा के सिर से खून निकलने लगा। इस बीच दारोगा के साथ मौजूद पुलिसकर्मी प्रदर्शनकारियों को उग्र होता देख भाग खड़ा हुआ। कुछ देर बाद सीनियर ऑफिसर ने रिवाल्वर निकाल दारोगा को भीड़ से बचाया।

पीड़ित छात्रा के पिता ने कहा, ''जो मेरी बेटी के साथ हुआ और किसी के साथ न हो, इसलिए हॉस्पिटल को सीज कराने की मांग कर रहे हैं। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार करने के बाद भी मुझे पूरे दिन थाने के चक्कर लगवाए। मुझे FIR की नकल नहीं दी गई। पुलिस आरोपी को VIP ट्रीटमेंट दे रहे थे। मुझे जमीन पर बैठाकर रखा था, जैसे मैं अपराधी हूं।''

पुलिस का क्या है कहना... 

DIG सोनिया सिंह ने बताया, ''15 जून की रात एक छात्रा जागृति हॉस्प‍िटल में एडमिट हुई थी। उसका आरोप है कि ICU के वार्ड ब्वॉय ने इंजेक्शन लगा उसके साथ रेप किया। मामले के बाद छात्रा के परिजनों ने शुक्रवार को भी हॉस्प‍िटल में तोड़फोड़ और हंगामा किया था।'' - 

''शनिवार को परिजनों ने सैकड़ों लोगों के साथ हिंसक प्रदर्शन किया। पुलिसकर्मी को पीटा। मामले की जांच की जा रही है। पुलिसकर्मी को पीटने वाले प्रदर्शनकारियों की पहचान की जा रही है। आरोपियों के ख‍िलाफ कार्रवाई होगी।'' -

 ''छात्रा का मेड‍िकल टेस्ट करवा लिया गया है। आरोपी वार्ड ब्वॉय पुलिस हिरासत में है। रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।'' - एडीजी जोन कानपुर अविनाश चंद्रा का कहना है, ''मौके पर DM-SSP समेत कई थानों की फोर्स मौजूद थी, लेकिन भीड़ आक्रोशित हो गई। पुलिस से मारपीट करने वालो खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।'' 

 

छात्रा ने दिया था ये बयान... 

देवेन्द्र सिंह (काल्पनिक नाम) बर्रा थाना क्षेत्र में पत्नी, 2 बेटी और एक बेटे के साथ रहते हैं। परिवार में बड़ी बेटी अकांक्षा (बदला नाम) इंटर की छात्रा है। अकांक्षा फैमिली के साथ गुरुवार शाम एक रिसेप्शन पार्टी में गई थी। वहां वो बेहोश हो गई, जिसके बाद परिजनों से उसे जागृति नर्सिंग होम में एडमिट कराया। अकांक्षा ने बताया, ''हॉस्प‍िटल लाने के बाद मुझे ICU में शि‍फ्ट किया गया। ICU में जाने से पहले मां ने मेरे कपड़े चेंज किए थे। देर रात वार्ड ब्वॉय आया और बोला- तुम्हारे कपड़े गीले हो गए हैं, इन्हें चेंज करना होगा।'' 'मैंने उससे किसी नर्स या मम्मी को बुलाने को कहा, लेकिन उसने मना कर दिया। बोला- इस टाइम कोई नर्स नहीं रहती और मम्मी वापस पार्टी में जा चुकी हैं, पापा दवा लेने गए हैं।'' इसके बाद वो मुझे वॉशरूम में ले गया और बोला- मुझसे शर्म मत करो। मैंने उसके सामने कपड़े चेंज किए।

 उसने कहा, ऊपर के भी कपड़े गीले हैं, इन्हें भी चेंज करो और खुद ही बटन खोलने लगा, जिसके बाद मैं भागकर बेड पर आ गई। 'बेड पर भी उसने मुझे जबरन किस किया। चिल्लाने पर भाग गया। थोड़ी देर बाद वह इंजेक्शन लेकर आया और मुझे लगा दिया। मैं नींद में चली गई। इसी का फायदा उठाकर उसने मेरे साथ रेप किया। मुझे कुछ गलत होने का अहसास हो रहा था, लेकिन नींद में थी।'' - पिता ने बताया- ''बीती रात मुझे बेटी से मिलने नहीं दिया गया। सुबह मैं जबरदस्ती ICU में घुसा, जहां बेटी के कपड़ों की हालत देख मुझे शक हो गया कि उसके साथ कुछ गलत हुआ है। मैंने उसे जगाया, तो वह फूट-फूटकर रोने लगी और पूरी घटना की जानकारी दी।''


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