विधालय में मिड-डे-मील देख भड़क उठे सचिव व प्रधान

By: jhansitimes.com
Sep 14 2018 06:41 pm
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(रिपोर्ट-सैय्यद तामीर उद्दीन) महोबा। प्राथमिक व माध्यमिक विघायल में पढ़ने वालें बच्चों को शासन द्वारा कापी किताबों, बस्तों, जूता, मोजा, देने के साथ मिड-डे-मील भी दिया जा रहा है। जिससे बच्चों को बेहतर शिक्षा मिले और उन्हें विघायल में बेहतर भोजन भी मिले। लेकिन विघालय के जिम्मेदार खाऊ, कमाऊ नीति के चलते मिड-डे-मील मीनू के अनुसार नहीं बना रहे है, जिसका जीता, जागता उदाहरण पनवाड़ी विकास खण्ड के दादरी गांव के पूर्व माध्यमिक विघालय में देखने को मिला है, यहां बच्चों की 70 संख्या है, लेकिन जो तहरी बनायी जा रही थी उसकी मात्रा बहुत ही कम थी और मानक के अनुसार भी नहीं थी। ग्राम पंचायत सचिव व ग्राम प्रधान ने जब विघालय जाकर देखा तो यह देखकर वह दंग रह गये। 

बताते चले विघालय में बच्चों को मिलने वाले मिड-डे-मील की हकीकत जानने के लिये शुक्रवार को दादरी गांव के पूर्व माध्यमिक विघालय में सचिव भारत भूषण व ग्राम प्रधान व नरेश कुमार विघालय जा पहुंचे यहां जब वह पहुंचे तो विघालय का निरीक्षण किया तो वहां देखा गया कि बच्चों की संख्या 70 है, लेकिन यहां तहरी बनायी जा रही थी, तहरी में गुुणवत्ता विहीन सामाग्री देखकर वह भड़क उठे और उन्होंने सहायक अध्यापक से जानकारी ली, तो वह बोले कि प्रधानाध्यापक अवकाश पर है उन्हीं के आदेश पर तहरी बनायी जा रही है, और उन्ही ने तहरी में सामग्री डालने की बात कही थी। जब उनसे यह पूंछा गया कि 70 बच्चों की संख्या में तहरी में आलू व बैगन व टमाटर बहुत ही कम है तो वह कहने लगे प्रधानाध्यापक ने जितना कहा था उतना डाला जा रहा है, यह सुनकर सचिव व प्रधान ने प्रधानाध्यापक को मोबाइल से वार्ता की और नाराजगी जताई लेकिन प्रधानाध्यापक बोले, कि सामग्री सही डाली गयी है, जिससे शिकायत करना हो कर देना, प्रधान व सचिव ने उक्त मामले की शिकायत बीएसए से की है, तथा जांच कराकर कार्यवाही की मांग की है। बताते चले शासन के लाखों खर्च करने के बाद भी विघालयों में ज्यादातर बच्चों को मीनू के अनुसार मिड-डे-मील नहीं दिया जा रहा है। शिकायतों के बाद भी जिम्मेदारो पर कार्यवाही का चाबुक नहीं चल पा रहा है। 


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