राजस्थान: दलितों का मंदिर में हुआ प्रवेश वर्जित, विरोध कर रहे विधायक व समर्थक गिरफ्तार

By: jhansitimes.com
Dec 25 2017 01:11 pm
608

जयपुर।  दलितों को मंदिर में प्रवेश नहीं दिए जाने से भाजपा शासित राज्य राजस्थान से जालोर जिले के शंखवाली गांव में नया बवाल मच गया है। जब मंदिर में दलितों को प्रवेश करने से रोका गया तो लालसोट विधायक डॉक्टर किरोड़ीलाल मीणा  अपने 50 सहयोगियों के साथ दलितों को यहां प्रवेश कराने के लिए पहुंचे, लेकिन पुलिस ने इन सभी लोगों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने सभी लोगों को शांति भंग करने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया है। इन सभी लोगों को चरली गांव के पास पुलिस सुरक्षा में एक बस में रखा गया।

घटना की सूचना मिलती ही मौके पर एसपी विकास कुमार शर्मा पुलिस बल के साथ पहुंचे, उनके साथ कई आला अधिकारी भी मौके पहुंचे। आपको बता दें कि जब मंदिर में दलितों को प्रवेश करने से रोका गया तो किरोड़ीलाल रविवार दोपहर को एक रैली को संबोधित करने के बाद अपने समर्थकों के साथ वहां पहुंचे, जहां दो गुट आमने-सामने आ गए और उनकी आपस में भिड़त हो गई। दोनों ही गुटों की आपस में झड़प की जानकारी मिलने के बाद मौके पर पुलिस पहुंची थी।

वहीं शंखवाली गांव के राजपुरोहित समाज ने इस मंदिर को निजी मंदिर बताते हुए इस मंदिर में दलितों के प्रवेश को रोक दिया था, जिसके बाद दलित व राजपुरोहित आमने-सामने आ गए थे। हालांकि पुलिस ने दोनों ही राजपुरोहित व दलित समाज के बीच बातचीत करके मामला शांत कराने की कोशिश की लेकिन जब स्थिति काबू से बाहर जाने लगी तो पुलिस बल को बुलाना पड़ा और मौके पर आला अधिकारी पहुंचे। मामले को शांत करने के लिए पुलिस ने किरोड़ीलाल सहित उनके पचास समर्थकों को गिरफ्तार कर लिया और उन्हें पुलिस बस में बैठाकर गांव में ही रखा गया। इस घटना के बाद किरोड़ीलाल ने कहा कि हम दलितों के खिलाफ अत्याचार नहीं सहेंगे और अपने आंदोलन को जारी रखेंगे।


comments

Create Account



Log In Your Account



छोटी सी बात “झाँसी टाइम्स ” के बारे में!

झाँसी टाइम्स हिंदी में कार्यरत एक विश्व स्तरीय न्यूज़ पोर्टल है। इसे पढ़ने के लिए आप http://www.jhansitimes .com पर लॉग इन कर सकते हैं। यह पोर्टल दिसम्बर 2014 से वीरांगना रानी लक्ष्मी बाई की नगरी झाँसी (उत्तर प्रदेश )आरंभ किया गया है । हम अपने पाठकों के सहयोग और प्रेम के बलबूते “ख़बर हर कीमत पर पूरी सच्चाई और निडरता के साथ” यही हमारी नीति, ध्येय और उद्देश्य है। अपने सहयोगियों की मदद से जनहित के अनेक साहसिक खुलासे ‘झाँसी टाइम्स ’ करेगा । बिना किसी भेदभाव और दुराग्रह से मुक्त होकर पोर्टल ने पाठकों में अपनी एक अलग विश्वसनीयता कायम की है।

झाँसी टाइम्स में ख़बर का अर्थ किसी तरह की सनसनी फैलाना नहीं है। हम ख़बर को ‘गति’ से पाठकों तक पहुंचाना तो चाहते हैं पर केवल ‘कवरेज’ तक सीमित नहीं रहना चाहते। यही कारण है कि पाठकों को झाँसी टाइम्स की खबरों में पड़ताल के बाद सामने आया सत्य पढ़ने को मिलता है। हम जानते हैं कि ख़बर का सीधा असर व्यक्ति और समाज पर होता है। अतः हमारी ख़बर फिर चाहे वह स्थानीय महत्व की हो या राष्ट्रीय अथवा अंतरराष्ट्रीय महत्व की, प्रामाणिकता और विश्लेषण के बाद ही ऑनलाइन प्रकाशित होती है।

अपनी विशेषताओं और विश्वसनीयताओं की वजह से ‘झाँसी टाइम्स ’ लोगों के बीच एक अलग पहचान बना चुका है। आप सबके सहयोग से आगे इसमें इसी तरह वृद्धि होती रहेगी, इसका पूरा विश्वास भी है। ‘झाँसी टाइम्स ‘ के पास समर्पित और अपने क्षेत्र में विशेषज्ञ संवाददाताओं, समालोचकों एवं सलाहकारों का एक समूह उपलब्ध है। विनोद कुमार गौतम , झाँसी टाइम्स , के प्रबंध संपादक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी हैं। जो पूरी टीम का नेतृत्व कर रहे हैं। उन्हें प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक पत्रकारिता का पिछले लगभग 16 वर्षों का अनुभव है। के पी सिंह, झाँसी टाइम्स के प्रधान संपादक हैं।

विश्वास है कि वरिष्ठ सलाहकारों और युवा संवाददाताओं के सहयोग से ‘झाँसी टाइम्स ‘ जो एक हिंदी वायर न्यूज़ सर्विस है वेब मीडिया के साथ-साथ पत्रकारिता के क्षेत्र में अपना विशिष्ट स्थान बनाने में कामयाब रहेगा।