नवनियुक्त बसपा पदाधिकारियों ने बाबा साहब की प्रतिमा पर किया माल्यापर्ण, लिया नीला परचम फहराने का संकल्प

झांसी। पार्टी ने जो जिम्मेदारी सौंपी हैं उसे पूरी तरह से निभाया जायेगा। 2022 के विधानसभा चुनाव में बसपा एक बड़ी पार्टी उभर कर सामने आये, इसके लिए हर सम्भव प्रयास किया जायेगा। यह कहना है बहुजन समाज पार्टी में वापसी हुए भूपेन्द्र आर्या, नवनिर्वाचित जिलाध्यक्ष राजू राजगढ़ और रविकांत मोर्या का। जिन्होंने जिम्मेदारी लेते हुए सर्वप्रथम बाबा साहब भीम राव अम्बेडकर की प्रतिमा पर माल्यापर्ण करने के बाद यह बात बोली है।
बताते चलें बसपा सुप्रीमो मायावती के आदेश पर पूर्व बुन्देलखंड प्रभारी/ग्वालियर-चम्बल संभाग प्रभारी भूपेन्द्र आर्या को पार्टी में वापसी कराई गई है। जिसकी जानकारी बुन्देलखंड प्रभारी/मुख्य जोन इंचार्ज लालाराम अहिरवार ने दी है। इसी क्रम में राजू राजगढ को झांसी जिले की कमान सौंपते हुए जिलाध्यक्ष और रविकांत मौर्य को मंडल जोन इंचार्ज बनाया गया है।


नव नियुक्त पदाधिकारियों ने सर्वप्रथम कचहरी चैराहे पर पहुंचकर बाबा साहब भीमराव अम्बेडकर की प्रतिमा पर माल्यापर्ण कर नमन किया और उनके बताये गये रास्तेे व पार्टी को मजबूती के साथ उभारने का संकल्प लिया।
इस मौके पर पूर्व विधायक केपी राजपूत, सीताराम कुशवाहा, जुगल किशोर कुशवाहा, रामबाबू चिरगाईयां, पूर्व जिलाध्यक्ष जयपाल अहिरवार, पूर्व झारखंड प्रभारी चन्द्रदत्त गौतम, विक्की गौतम, छुन्ना पाल, विजय कुशवाहा, झांसी विभानसभा प्रभारी नीरज अग्रवाल, समेत बसपा के कई मिशनरी कार्यकर्ता मौजूद रहे।
माल्यापर्ण करने के बाद लालाराम अहिरवार ने इसकी जानकारी देते हुए बताया कि संगठन को मजबूती से उभारने और मायावती को 2022 में मुख्यमंत्री बनाने के लिए हम सभी को काफी मेहनत करनी पड़ेगी इसके लिए सभी कार्यकर्ताओं ने संकल्प लिया।
भूपेन्द्र आर्या का कहना है कि उनका प्रयास रहेगा कि 2022 में पार्टी मजबूती के साथ उभकर आये। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि मान्यवर कांशीराम के बताये गये रास्ते पर पार्टी मुखिया मायावती चल रहीं हंै। जिसके क्रम में हम सभी कार्यकर्ता भी बताये गये रास्ते पर चलने का संकल्प ले रहें हंै।
जिलाध्यक्ष राजू राजगढ़ ने कहा कि बसपा सुप्रीमो मायावती ने हम जैसे छोटे कार्यकर्ता पर विश्वास जताते हुए जो जिम्मेदारी दी है उसे वह पूरा करने के लिए पूरा प्रयास करेंगे। साथ ही कार्यकर्ताओ के सम्मान की हमेशा लड़ाई लड़ेगे। पार्टी को मजबूत और 2022 में बहन मायावती को मुख्यमंत्री बनाने के लिए मेहनत की जायेगी। इसके अलावा कोई भी कार्यकर्ता कभी भी उन्हें याद कर सकता है। वह उसकी मदद के लिए हमेशा तैयार रहेगे।
रविकांत मोर्या का कहना है कि उनका प्रयास रहेगा कि युवाओं को अधिक से अधिक पार्टी में जोड़़कर मजबूत किया जायेगा। जिससे 2022 विधानसभा चुनाव में पार्टी मजबूती से उभरकर सामने आये।

Leave a Reply

Your email address will not be published.